
अटल भू जल योजना के तहत पंचायत
समिति नाचना की कार्यशाला संपन्न
जैसलमेर, 01 मार्च। भू जल संरक्षण व जल के महत्व को बताने वाली अटल भूजल योजना की पंचायत समिति नाचना की कार्यशाला का आयोजन आज पंचायत समिति प्रधान श्री अर्जुन राम मेघवाल की अध्यक्षता में किया गया। कार्यशाला में पंचायत समिति के सरपंचगणो व ग्राम विकास अधिकारियों व जल स्वच्छता समिति के सदस्यों ने भाग लिया।
कार्यशाला के प्रारंभ में योजना के नोडल अधिकारी डॉ नारायण दास इणखिया ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से योजना की जानकारी प्रदान की। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार की इस महत्वपूर्ण योजना से राज्य को प्रोत्साहन राशि के रूप में 100 प्रतिशत तक अनुदान मिल रहा है! योजना के कार्य क्षेत्र पंचायत समिति जैसलमेर, मोहनगढ़ नाचना की ग्राम पंचायत में जल सरक्षण से संबंधित किये जा रहे कार्यों पर प्रोत्साहन राशि दिए जाने का प्रावधान है। नोडल अधिकारी ने बताया कि योजना के तहत बनने वाले जल सुरक्षा प्लान को आगामी 10 मार्च तक अपडेट किया जाना है। इसके लिए चाहे जाने वाली सूचनाओं की जानकारी कार्यशाला में प्रदान की!पंचायत समिति नाचना के विकास अधिकारी जितेंद्र सिंह सादू ने अपने उद्बोधन में बताया कि यह योजना जल संरक्षण जैसे महत्वपूर्ण व पुनीत कार्यों से जुड़ी है। इस योजना के तकनीकी पहलू से ज्यादा इसके मूल रूप को समझना आवश्यक है, जल संरक्षण समय की आवश्यकता बन गया है। सरकार द्वारा इस योजना के तहत मिलने वाले अनुदान को प्राप्त कर जल सरक्षण को बढ़ावा देना हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए। इससे जल संरक्षण के कार्यों की ओर गति मिलेगी।
इस दौरान उन्होंने ग्राम विकास अधिकारियों को निर्देश दिए की योजना के तहत इस वित्तीय वर्ष में किए गए कार्यों का व्यय व आगामी वर्ष के कार्यों की सूचना आगामी सोमवार तक आवश्यक रूप से उपलब्ध कराए।
इस अवसर पर पंचायत समिति नाचना के प्रधान अर्जुन राम मेघवाल ने बताया कि ग्राम विकास अधिकारी व सरपंचगण अपने यहां ग्रामसभा आयोजित कर योजना की जानकारी आमजन को प्रदान करें। इस योजना की मरुस्थलीय जिले को बहुत ही आवश्यकता है। इस योजना के लिए चाहे जाने वाली सूचना समय पर नियमानुसार प्रदान करें, ताकि योजना का लाभ आमजन को अधिकाधिक मिल सके। कार्यशाला में संबंधित विभागों के व ब्लॉक स्तरीय व अधिकारियों ने भाग लिया व अपने सुझाव दिए। कार्यक्रम मेँ कम्युनिटी रिसोर्स परसन ओमप्रकाश, आईईसी विशेषज्ञ भगीरथ विश्नोई व कृषि विशेषज्ञ शीशपाल चौधरी ने भी जानकारी दी।
