

दिए गए दस्तावेजों में उल्लिखित ‘सुरेश राव (उपखण्ड अधिकारी)’ द्वारा अनूपगढ़ क्षेत्र में किए गए कार्यों का क्रमबद्ध विवरण नीचे दिया गया है:
1. राष्ट्रीय सुरक्षा को प्राथमिकता
- धर्मांतरण पर रोक: क्षेत्र में धर्मांतरण का केंद्र बनी दो चर्चों (16 ए व 6 पी) को सीज किया, जहाँ से बच्चों को मुक्त करवाकर उदयपुर भेजा गया।
- ऑपरेशन सिंदूर (2025): कुशल प्रशासनिक प्रबंधन के माध्यम से सीमावर्ती क्षेत्र में किसी भी अप्रिय घटना को होने से रोका। सुरेश राव ने स्वयं सीमावर्ती गाँवों में रात्रि प्रवास कर लोगों का मनोबल बढ़ाया।
- घग्घर नदी में बाढ़ प्रबंधन (2025): अनूपगढ़ शहर को डूबने से बचाने के लिए अवैध बंधों को हटवाया और पानी की सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित की। इस दौरान बाढ़ से किसी भी किसान की फसल का नुकसान या जनहानि नहीं हुई।
- मतदाता सूची पुनरीक्षण: मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्यक्रम अनूपगढ़ विधानसभा में सफलतापूर्वक संपन्न करवाया।
2. ग्रामीण विकास और रोजगार सृजन
- पंचायत पुनर्गठन: अनूपगढ़ में 13 और घड़साना में 12, कुल 25 नई ग्राम पंचायतें बनाईं। यह कार्य बिना किसी भेदभाव या जन-विरोध के शांतिपूर्वक संपन्न किया गया।
3. जनकल्याणकारी योजनाओं को आमजन तक पहुंचाना
- खाद्य सुरक्षा: 26 जनवरी 2025 को खाद्य सुरक्षा पोर्टल खुलने के बाद से जनवरी 2026 तक लगभग 10,000 पात्र परिवारों को इस योजना से जोड़ा गया।
- फ्लैगशिप योजनाएं: केंद्र और राज्य सरकार की सभी फ्लैगशिप योजनाओं का लाभ आमजन तक पहुंचाया गया।
- प्रधानमंत्री का बीकानेर आगमन (2025): नोडल अधिकारी के रूप में अनूपगढ़ से 33 बसों द्वारा लगभग 1,450 लाभार्थियों को बीकानेर भेजा गया, जिसमें व्यक्तिगत रुचि लेकर उनके खाने-पीने और यात्रा की व्यवस्था सुनिश्चित की गई।
4. ग्रामीण सेवा शिविर-2026 के दौरान नवाचार
- स्वास्थ्य विभाग: ग्राम पंचायत 65 जीबी में घर-घर जाकर बीपी, शुगर, टीबी की जांच करवाई और मौके पर ही निशुल्क दवाइयां उपलब्ध कराईं।
- पशुपालन विभाग: ग्राम पंचायत 22 ए में घर-घर जाकर पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण करवाया, बीमार पशुओं को निशुल्क दवा दी और पशुपालकों को टीकाकरण की जानकारी दी। साथ ही, निराश्रित गोवंश को रेडियम रिफ्लेक्टर लगाकर गौशाला भेजा गया और मुख्यमंत्री मंगला पशुधन बीमा योजना में पंजीकरण करवाया।
- अन्य सुविधाएं: ग्राम पंचायत 12 एच में समाज कल्याण विभाग और रोडवेज की टीम को घर-घर भेजकर 60 वर्ष से अधिक उम्र के लगभग 75 नागरिकों को लाभान्वित किया।
5. शांति एवं कानून व्यवस्था
- कानून व्यवस्था: 2024 के अंत में अनूपगढ़ जिला समाप्त होने के बाद संभावित धरना-प्रदर्शन को रोकने के लिए निरंतर जनसुनवाई की गई। इसके परिणामस्वरूप उपखण्ड स्तर पर कोई भी धरना या विरोध प्रदर्शन नहीं हुआ और क्षेत्र में कानून व्यवस्था व प्रशासन का विश्वास कायम रहा।