
पांढुर्णा में भक्ति का महासागर, हजारों श्रद्धालुओं के बीच निकली भव्य शोभायात्रा
(राष्ट्रीय हिन्दू सेना एवः विशाल जाम सांवली पदयात्रा समिति के सयुक्त तत्वावधान में निकाली गई शोभायात्रा)
संवाददाता धनंजय जोशी
जिला पांढुरना मध्य प्रदेश
पांढुर्णा:-पांढुर्णा में हनुमान जन्मउत्सव के पावन अवसर पर नगर में आस्था, भक्ति और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला, जहां हर गली और मोहल्ले में भगवान हनुमान के प्रति श्रद्धा का अनूठा दृश्य नजर आया और लगभग 128 हनुमान मंदिरों से सुसज्जित इस नगर में भक्तों की अटूट आस्था ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया।

सुबह से ही सभी मंदिरों में सुंदरकांड, रामायण पाठ और हनुमान चालीसा के आयोजन शुरू हो गए थे, मंदिरों को फूलों और आकर्षक रोशनी से सजाया गया तथा श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसाद का वितरण किया गया, जिससे दिनभर भक्तिमय माहौल बना रहा और श्रद्धालु बड़ी संख्या में मंदिरों में उमड़ते रहे।
इस अवसर पर राष्ट्रीय हिन्दू सेना पांढुर्णा एवं विशाल जाम सांवली पदयात्रा समिति के संयुक्त तत्वावधान में नगर के प्रमुख मार्गो पर भगवान के कटआउट लगाकर सम्पूर्ण मार्ग पर भगवा पताका,तोरण लगाकर सम्पूर्ण वातावरण भगवामय सजाया गया, वही शाम को नगर के हृदय स्थल गुजरी चौक स्थित प्राचीन हनुमान मंदिर से गुरुवार शाम 6:00 बजे अभिषेक, सुंदरकांड पाठ एवं भंडारा वितरण के पश्चात भव्य-शोभायात्रा का शुभारंभ किया गया, जिसमें मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम, माता जानकी, लक्ष्मण एवं वीर हनुमान की प्रतिमाओं को रथ में विराजमान कर भव्य आरती के साथ यात्रा प्रारंभ की गई।

शोभायात्रा में नगरवासियों द्वारा दान स्वरूप एकत्रित पीतल से निर्मित प्रतिमाएं विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं और विभिन्न धार्मिक झांकियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया, जिनमें शिव-पार्वती, गणेश, बाबा अमरनाथ और उज्जैन के महाकाल की झांकियां प्रमुख रूप से शामिल थीं।
चलित भजन मंडलियों, दिंडी मंडलियों, महिलाओं की भजन टोली, ढोल-नगाड़ों की गूंज और भक्ति गीतों पर झूमते हजारों युवाओं ने पूरे नगर को भक्तिरस में सराबोर कर दिया, वहीं भगवान का ध्वज लिए युवा उत्साहपूर्वक यात्रा में सम्मिलित हुए।
शोभायात्रा का विशेष आकर्षण शिव तांडव प्रस्तुत करने वाली टोली रही, जिसने अपने ऊर्जावान नृत्य, सशक्त अभिनय और अद्भुत समन्वय से भगवान शिव के रौद्र स्वरूप को जीवंत कर दिया, कलाकारों की प्रस्तुति इतनी प्रभावशाली रही कि दर्शक मंत्रमुग्ध हो उठे और पूरे वातावरण में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार महसूस किया गया।

वहीं एक अन्य प्रमुख झांकी के रूप में समाज को संदेश देती प्रस्तुति भी शामिल रही, जिसमें एक जघन्य घटना से प्रेरित दृश्य के माध्यम से सामाजिक जागरूकता और सतर्कता का संदेश दिया गया, इस झांकी ने लोगों को सोचने पर मजबूर किया और समाज में सजग रहने की आवश्यकता को दर्शाया।
नगर के विभिन्न मार्गों से गुजरती इस विशाल शोभायात्रा का जगह-जगह भव्य स्वागत किया गया, समाजसेवियों द्वारा जलपान, फल, शर्बत, बिस्किट एवं नाश्ते का वितरण कर श्रद्धालुओं की सेवा की गई, साथ ही आयोजन समिति द्वारा सहयोग करने वाले लोगों को सम्मानित भी किया गया।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया, जगह-जगह पुलिस बल तैनात रहा और अधिकारियों द्वारा लगातार निगरानी रखी गई, जिससे शोभायात्रा शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुई।
नगर के प्रमुख मार्गों से भ्रमण करते हुए यह भव्य शोभायात्रा पुनः गुजरी चौक पहुंची, जहां भगवान श्रीराम, माता जानकी, लक्ष्मण एवं वीर हनुमान की भव्य आरती कर महाप्रसाद का वितरण किया गया और अंत में विभिन्न झांकियों को पुरस्कृत कर सभी श्रद्धालुओं एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम का समापन किया गया।
पांढुर्णा में आयोजित यह भव्य आयोजन धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा, सामाजिक जागरूकता और सामूहिक सहभागिता का एक उत्कृष्ट उदाहरण बनकर सामने आया।