
जनपद औरैया से जिला ब्यूरो चीफ पत्रकार संजू तिवारी की खास रिपोर्ट

साइबर थाना पुलिस टीम द्वारा फर्जी लोन ऐप के माध्यम से ठगी करने वाले 1 अन्तर्राज्यीय मास्टरमाइंड साइबर अपराधी को गिरफ्तार कर कब्जे से 1,840/- रूपये नकद, 02 एटीएम, 05 अदद मोबाइल फोन, 19 अदद सिम, 03 अदद आधार कार्ड, बरामद किया गया ।
श्रीमान अपर पुलिस महानिदेशक, कानपुर जोन, कानपुर व श्रीमान पुलिस उपमहानिरीक्षक, कानपुर परिक्षेत्र, कानपुर द्वारा साइबर क्राइम अपराधियों के विरुद्ध चलाये जा रहे अभियान के क्रम में पुलिस अधीक्षक औरैया के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक औरैया व क्षेत्राधिकारी बिधूना / साइबर के कुशल पर्यवेक्षण में साइबर थाना पुलिस टीम द्वारा फर्जी लोन ऐप के माध्यम से जनता को ठगने वाले साइबर अपराध करने वाले एक अन्तर्राज्यीय साइबर अपराधी को किया गया गिरफ्तार।
संक्षिप्त विवरण- दिनांक 09-07-2026 को साइबर थाना पुलिस टीम थाने से रवाना होकर 14C ( MHA ) द्वारा संचालित पोर्टलों के माध्यम से संदिग्ध मोबाईल नम्बरों की जांच / रोकथाम साइबर अपराध, हेतु कस्बा दिबियापुर में मौजूद थी कि मुखबिर द्वारा फर्जी लोन ऐप के जाल से जनता को ठगने वाले व्यक्ति के सम्बन्ध में सूचना दी गई। मुखबिर की सूचना पर विश्वास कर साइबर थाना पुलिस टीम द्वारा मुखबिर के बताये हुए स्थान थाना दिबियापुर कम्प्रेशर बंबा से फफूँद की तरफ जाने वाले रास्ते के पास से अभियुक्त दीपक कुमार पाल उर्फ बन्टू पुत्र शिवकुमार पाल को गिरफ्तार कर कब्जे से 1,840/- रूपये नकद, 02 एटीएम, 05 अदद मोबाइल फोन, 19 अदद सिम, 03 अदद आधार कार्ड बरामद किया गया तथा पूछताछ व बरामदगी के आधार पर अभियुक्त के विरूद्ध मु०अ०स० 17/2026 धारा 318(4)/317(2) बीएनएस व 66 (डी),67,67(A) आईटी एक्ट पंजीकृत कर अग्रिम विधिक कार्यवाही प्रचलित है ।
गिरफ्तार अभियुक्तगण का विवरण-
1- दीपक कुमार पाल उर्फ बन्टू पुत्र शिवकुमार पाल निवासी ग्राम पुर्वा इमलिया पोस्ट पुर्वा जैन थाना सहार जिला औरैया, उम्र करीब 25 वर्ष ।
पूछताछ का विवरण- अभियुक्त ने पूछताछ में बताया कि वह सोशल मीडिया (इंस्टाग्राम/फेसबुक) पर जीरो सिविल स्कोर एवं बिना दस्तावेज़ तत्काल लोन जैसे आकर्षक विज्ञापनों के माध्यम से लोगों को झांसे में लेता था। इच्छुक व्यक्तियों से किसी अनजान वेबसाइट के लिंक द्वारा Re-Pay App की APK फ़ाइल डाउनलोड कराई जाती थी। ऐप इंस्टॉल होते ही कॉन्टैक्ट्स, फोटो गैलरी, लोकेशन एवं एसएमएस जैसी महत्वपूर्ण अनुमतियाँ लेकर पीड़ित का निजी डेटा सर्वर पर अपलोड कर लिया जाता था।
इसके बाद पीड़ित के खाते में 2,000 से 5,000 रुपये तक की छोटी राशि भेजकर प्रोसेसिंग शुल्क के नाम पर बड़ी कटौती की जाती थी तथा 7 दिनों के भीतर अत्यधिक ब्याज सहित कई गुना अधिक राशि वसूली जाती थी। भुगतान में देरी होने पर या भुगतान के बाद भी पीड़ित के कॉन्टैक्ट्स पर कॉल कर बदनाम किया जाता था। साथ ही, गैलरी की तस्वीरों का एआई के माध्यम से अश्लील मॉर्फिंग कर उन्हें वायरल करने की धमकी देकर मानसिक दबाव बनाया जाता था, जिससे पीड़ित बार-बार पैसे देने के लिए विवश हो जाता था।
पंजीकृत अभियोग-
1-मु०अ०स० 17/2026 धारा 318(4)/317(2) बीएनएस व 66 (डी),67,67(A) आईटी एक्ट, थाना साइबर क्राइम जनपद औरैया।
विवरण बरामदगी-
• 19 अदद सिमकार्ड ।
• 05 अदद मोबाईल फोन ।
• 03 अदद आधार कार्ड ।
• 02 डेबिट कार्ड ।
नोट- बरामद 19 सिम के मोबाइल नंबरों पर विभिन्न राज्यों से साइबर ठगी की 32 शिकायतें राष्ट्रीय साइबर पुलिस पोर्टल (NCRP) पर पंजीकृत है।
आपराधिक इतिहास- ( जानकारी की जा रही है। )
गिरफ्तारकर्ता पुलिस टीम-
1.श्री राजीव कुमार प्रभारी निरीक्षक थाना साइबर क्राइम
2.मय साइबर सेल/ थाना साइबर क्राइम टीम
महत्वपूर्ण सूचनाः- किसी भी प्रकार का साइबर अपराध होने के बाद गोल्डन ऑवर / जल्द से जल्द साइबर हेल्पलाइन नम्बर 1930 व www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करायें। साथ ही आप साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज करने में असुविधा हो रही है तो आप अपने निकट के थाने की साइबर हेल्पडेस्क से भी सम्पर्क कर सकते है।
औरैया पुलिस द्वारा समस्त जनता से अपील की गई है कि कोई भी अनजान व्यक्ति द्वारा भेजे गए लिंक या .APK फाइल से ऐप डाउनलोड न करें।
अपना OTP, बैंक पिन, क्रेडिट कार्ड डिटेल्स या व्यक्तिगत जानकारी किसी के साथ साझा न करें।
अन्य सहायता के लिये साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930/ www.cybercrime.gov.in या नजदीकी थाने पर सूचना दें।