

राज्यपाल ने किए चतुर्भुज राम मंदिर में दर्शनः पडिंतजी से पूछा इतिहास, नगर परिषद ने उपहार में दी खुरासानी इमली और खिरनी

राहुल सेन मांडव
मो 9669141814
मांडू न्यूज/मध्य प्रदेश के राज्यपाल मंगू भाई पटेल ने रविवार को पर्यटन नगरी मांडू का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने चतुर्भुज राम मंदिर में दर्शन और पूजन किया। राज्यपाल ने नगर परिषद अध्यक्ष मालती जयराम गावर और महिला पार्षदों से भी मुलाकात की। राज्यपाल पटेल ने पर्यटन विभाग के होटल मालवा रिसोर्ट में नगर परिषद अध्यक्ष मालती जयराम गावर और पार्षदों से भेंट की। नगर परिषद की टीम ने उनको खुरासानी इमली, खिरनी और चतुर्भुज भगवान राम का चित्र भेंट कर किया। इसके बाद उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से भी मुलाकात की और उनके साथ तस्वीरें खिंचवाईं।होटल के रजिस्टर में अपने अनुभव लिखते हुए राज्यपाल ने मांडू को ‘बहुत सुंदर’ और ‘अद्भुत पर्यटन स्थल’ बताया। इसके बाद वे सीधे विश्व के एकमात्र चारभुजा धारी चतुर्भुज राम मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने भगवान का पूजन-अर्चन किया, पुष्पांजलि अर्पित की और महाआरती में शामिल हुए।
मंदिर के आचार्य पंडित शुभम त्रिवेदी और पंडित महेंद्र शर्मा ने राज्यपाल को मंदिर का इतिहास और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने राज्यपाल को भगवान राम का चित्र भेंट कर कुमकुम तिलक भी लगाया।मांडू नगर परिषद अध्यक्ष मालती जयराम गावर जब राज्यपाल का आशीर्वाद लेने पहुंचीं, तो उन्होंने कहा कि उनकी बड़ी बेटी का नाम भी मालती है। उन्होंने आगे कहा कि मालती नाम की लड़कियां धीर-गंभीर होती हैं। राज्यपाल ने इस बात पर खुशी जताई कि मांडू में महिला अध्यक्ष और आधे से ज्यादा पार्षद महिलाएं हैं। उन्होंने इसे परिवार के साथ नगर का नेतृत्व करने वाली महिलाओं के लिए खुशी की बात बताया। उन्होंने सभी महिला पार्षदों से अलग-अलग मुलाकात की और उनके साथ तस्वीरें खिंचवाईं।इस अवसर पर अजजा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष नपा अध्यक्ष प्रतिनिधि जयराम गावर, नपा उपाध्यक्ष कृष्णा यादव, पार्षद ज्योति तिवारी, पार्षद मानसिंह गिनावा, पार्षद मंगली बाई चलिया, पार्षद प्रतिनिधि अंतर सिंह भाबर, पार्षद प्रतिनिधि नंदू वसुनिया, भाजपा नेता सुनीता दुबे बुनकर प्रकोष्ठ जिला संयोजक नेहा जायसवाल और राहुल सेन मांडव उपस्थित थे। जिला प्रशासन की ओर से अपर कलेक्टर संजू केशव पांडे, धार के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय डावर, नालछा तहसीलदार राहुल गायकवाड़ और नायब तहसीलदार विशाखा चौहान सहित कई अधिकारी-कर्मचारी प्रोटोकॉल और सुरक्षा व्यवस्था संभाल रहे थे।