

रिपोर्टर:दिलीप कुमरावत MobNo:9179977597
मनावर। जिला धार।। ग्राम वायल में पटेल परिवार द्वारा आयोजित श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन, पंडित प्रवीण शर्मा राधे भैया ने भगवान वामन, भक्त प्रहलाद, देवासुर संग्राम, श्री राम के प्रसंग और भगवान श्री कृष्ण के जन्म की कथा सुनायी और बताया कि भगवान वामन अवतार के महत्व और श्री कृष्ण के जन्म के बाद नंद बाबा के घर पर हुए उत्सव का सुंदर वर्णन किया गया।

भक्तों ने बहुत धूम धाम से कृष्ण जन्मोत्सव का आनंद लिया। सात दिवसीय श्रीमदभागवत कथा के चौथे दिन भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान कथा पंडाल में प्रसिद्ध भजन ‘नंद के घर आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की’ पर सभी श्रद्धालु काफी देर तक झूमते व थिरकते रहे। श्रीकृष्ण-जन्मोत्सव कार्यक्रम को लेकर कथा पंडाल को गुब्बारे व फूल-माला से आकर्षक ढंग से सजाया गया था। कथावाचक पंडित प्रवीण शर्मा ने प्रवचन के दौरान भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन कर धर्म, अर्थ, काम व मोक्ष की महत्ता पर व्याख्यान किया।

व्यासपीठ से कहा कि जब-जब अत्याचार, अनाचार व अन्याय बढा है, तब-तब प्रभु का अवतार होता है। अत्याचार को समाप्त कर धर्म की स्थापना को लेकर ही प्रभु का अलग-अलग रूपों में अवतार होता है। जब कंस ने सभी मर्यादाएं तोड दी, तो प्रभु श्रीकृष्ण का जन्म हुआ। कथा के दौरान बासुदेव, यशोदा व श्रीकृष्ण के बाल-रूप की झांकी देख सभी श्रद्धालु जयकारा लगाते हुए नृत्य करने लगे। मोहित पाटीदार बालक मेध्य (कान्हा) मुख्य आकर्षण का केंद्र रहे। व्यासपीठ की पूजा और आरती अन्नपूर्णा देवराम पटेल ने की।

प्रवचन के क्रम में पंडित प्रवीण शर्मा राधे भैया ने कहा कि जीवन में अच्छे रास्ते पर जाना है, तो संकल्प लेना जरूरी है। हर बच्चे को अपने माता-पिता व गुरू की बातों को मानना चाहिए। जिन बच्चों के उपर माता-पिता का आशीर्वाद है, उन्हें संसार में सब कुछ प्राप्त है. हर एक माता-पिता को चाहिए कि अपने साथ बच्चों को भागवत कथा, सत्संग, कीर्तन में जरूर साथ लाएं। धर्म की कथा सुनने से बच्चों में अच्छी संस्कार आती है। आयोजित सात दिवसीय श्रीमदभागवत कथा के आयोजन से ग्राम वायल में भक्तिमय माहौल बना हुआ है। भागवत कथा के दौरान प्रबुद्धजनों ने व्यासपीठ की पूजा ओर आरती की व्यासपीठ से सम्मानित किया गया तथा माखन मिश्री के महाप्रसाद का वितरण किया गया।