
श्री श्री रविशंकर जी के 70वें जन्मोत्सव पर भव्य आयोजन,
जल प्रहरी नीरज वानखड़े सहित समाजसेवियों का हुआ सम्मान
संवाददाता धनंजय जोशी
जिला पांढुरना मध्य प्रदेश
आध्यात्मिक गुरु, मानवता एवं शांति के संदेशवाहक तथा The Art of Living Foundation के संस्थापक Sri Sri Ravi Shankar के 70वें जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में आर्ट ऑफ लिविंग परिवार छिंदवाड़ा द्वारा एक भव्य एवं प्रेरणादायी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। समारोह में गुरुदेव का जन्मोत्सव श्रद्धा, उत्साह और सेवा भावना के साथ मनाया गया।
कार्यक्रम में समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले व्यक्तित्वों को सम्मानित कर उनके कार्यों की सराहना की गई। आयोजन में बड़ी संख्या में आर्ट ऑफ लिविंग के स्वयंसेवक, प्रशिक्षक, अनुयायी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

दीप प्रज्वलन के साथ हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि Vivek Bunty Sahu तथा Raja Shankar Shah University के कुलगुरु Indra Prasad Tripathi रहे। अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
अपने संबोधन में सांसद विवेक बंटी साहू ने कहा कि आर्ट ऑफ लिविंग संस्था समाज में सकारात्मक ऊर्जा, शांति और मानवीय मूल्यों का प्रसार कर रही है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन समाज को सेवा, संस्कार और आध्यात्मिकता से जोड़ने का कार्य करते हैं।
जल संरक्षण के लिए नीरज वानखड़े का सम्मान
समारोह का मुख्य आकर्षण छिंदवाड़ा एवं पांढुर्णा क्षेत्र के प्रसिद्ध “वाटर हीरो” एवं जल प्रहरी Neeraj Wankhade का सम्मान रहा।
जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उनके द्वारा किए जा रहे उल्लेखनीय एवं प्रेरणादायी कार्यों के लिए उन्हें विशेष सम्मान प्रदान किया गया। सांसद विवेक बंटी साहू एवं कुलगुरु इंद्र प्रसाद त्रिपाठी ने उन्हें शॉल एवं स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। उपस्थित लोगों ने उनके कार्यों की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया।

भक्तों ने की गुरुदेव के दीर्घायु जीवन की कामना
कार्यक्रम के दौरान आर्ट ऑफ लिविंग के स्वयंसेवकों एवं अनुयायियों ने गुरुदेव श्री श्री रविशंकर जी के स्वस्थ, सुखद एवं दीर्घायु जीवन की कामना की। आयोजन में पांढुर्णा से आए वरिष्ठ टीचर Anish Mehta सहित अन्य प्रशिक्षकों की विशेष उपस्थिति रही।
पूरे आयोजन में आध्यात्मिक वातावरण, सेवा भावना और सामाजिक समरसता का सुंदर संगम देखने को मिला। कार्यक्रम ने समाज में सकारात्मक सोच, जल संरक्षण और मानव सेवा के संदेश को नई ऊर्जा प्रदान की।