
सरवनखेड़ा विकासखंड के पहाड़पुर से इटैलिया जाने वाली 2 किलोमीटर की सड़क लगभग 25 लख रुपए की लागत से कुछ दिन पहले बनी थी। जो अब पैरों से ही उखाड़ना शुरू हो गई है। ग्रामीणों ने घटिया निर्माण सामग्री इस्तेमाल का आरोप लगा सड़क को दोबारा बनवाने की मांग की है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भले ही जीरो टॉलरेंस पर काम करने की घुट्टी अफसरों को पिलाते रहते हैं, बावजूद इसके सरकारी विभागों में भ्रष्टाचार कम होने का नाम नहीं ले रहा है। कुछ ऐसा ही एक मामला रनियां क्षेत्र में मंडी समिति द्वारा बनाई जा रही सड़क में देखा जा सकता है। महज एक सप्ताह पहले बनकर तैयार हुई सड़क पर डामर का नामोनिशान नहीं है। बीते तमाम वर्षों से पहाड़पुर – इटैलिया संपर्क मार्ग पर गुजरने वाले राहगीरों को काफी दुश्वारियां उठानी पड़ रही है। वजह ये थी कि यह सड़क करीब दो किलोमीटर तक काफी जर्जर हालत में हो चुकी थी। सड़क पर बारिश में बड़े बड़े गढ्ढों से वाहन हिचकोले खा रहे थे। ग्रामीणों ने इसकी जानकारी अधिकारियों को कई बार दी। इसके बाद कार्यदाई संस्था मंडी समिति की इस सड़क के मरम्मत का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा गया। करीब पच्चीस लाख रुपए की लागत से बनने वाली इस सड़क के मरम्मत कार्य की मंजूरी मिलने पर टेंडर प्रक्रिया पूरी कर करीब एक महीने पहले सड़क की मरम्मत का काम शुरू किया गया।
यहां पर रहने वाले कोमल सिंह, सत्येंद्र यादव, बृजेंद्र यादव, भीम यादव, आदित्य सिंह चंदेल, मोनू सिंह राजावत, भानु प्रताप सिंह, कमलेश कुशवाहा, फारूख खान, रामजीवन चंदेल, कल्याण सिंह, देव सिंह, दयानरायण सिंह आदि ने बताया कि करीब एक सप्ताह पहले ऊपरी सतह पर डामरीकरण किया गया था, उम्मीद जगी थी कि अब सफर आसान हो जाएगा, लेकिन एक दो दिन बाद ही सड़क से डामर गायब हो गया।निर्माण में घटिया सामग्री लगाने से ऐसा हुआ है। अधिकारियों को अवगत कराया गया है। इस संबंध में जेई हरेंद्र सिंह ने बताया कि जीरा गिट्टी और डामर गलत लगा दिया गया है, स्थलीय निरीक्षण कर ठेकेदार से दोबारा मरम्मत कराई जाएगी।