
छपरा सारण से डॉ देशराज बिक्रांत की रिपोर्ट
नई दिल्ली। शांति, सद्भाव और मानवता के क्षेत्र में निरंतर योगदान देने वाले प्रख्यात समाजसेवी व विचारक डॉ. सच्चिदानंद शांडिल्य को वर्ष 2025 का “ग्रेट आइकन ऑफ पीस अवॉर्ड” प्रदान किया गया है। यह प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय सम्मान उन्हें हिज रॉयल हाइनेस प्रिंस प्रो. माइकलनोबल इमेघारा (प्रिंस ऑफ पीस) एवं हिज रॉयल हाइनेस प्रिंसेस डॉ. इसाबेला बोथा (प्रिंसेस ऑफ पीस) की ओर से प्रदान किया गया।
शांति, एकता और सद्भाव को बढ़ावा देने के लिए सम्मान
यह पुरस्कार डॉ. शांडिल्य को शांति, भाईचारे और वैश्विक एकता को प्रोत्साहित करने की उनकी निरंतर प्रतिबद्धता, समर्पण और जुनून के लिए दिया गया है। आयोजकों के अनुसार, डॉ. शांडिल्य के अथक प्रयासों ने अनगिनत लोगों और समुदायों को प्रेरित किया है। उनकी दूरदर्शिता ने उस विश्व की परिकल्पना को जीवंत किया है, जहाँ भिन्नताओं को स्वीकारते हुए समान धरातल पर एकता का उत्सव मनाया जाता है।
आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा
सम्मान पत्र में उल्लेख किया गया है कि डॉ. शांडिल्य के कार्य न केवल मूल्यवान और प्रभावशाली हैं, बल्कि वे भविष्य की पीढ़ियों के लिए एक शांतिपूर्ण और सामंजस्यपूर्ण विश्व का मार्ग भी प्रशस्त करेंगे।
देश-विदेश से मिल रही शुभकामनाएँ
इस अंतरराष्ट्रीय उपलब्धि पर डॉ. शांडिल्य को देश-विदेश से लगातार बधाइयाँ प्राप्त हो रही हैं। विभिन्न संगठनों और समाज के प्रबुद्ध वर्ग ने इस उपलब्धि को भारत के लिए गौरव का विषय बताया है।
