

CCTNS के तहत FIR से विवेचना तक होगी ऑनलाइन, ग्रामीण क्षेत्रों में भी मिलेगी त्वरित पुलिस सेवा
रिपोर्टर| दिलीप कुमरावत MobNo 9179977597
मनावर। जिला धार।। स्थानीय लक्ष्मी नारायण होटल में अनुभाग मनावर, कुक्षी एवं धामनोद के विवेचकों की कार्यक्षमता एवं विवेचना की गुणवत्ता बढ़ाने के उद्देश्य से CCTNS (क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम) परियोजना के अंतर्गत आधुनिक टेबलेट वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधिकारियों ने कहा कि नई तकनीक के उपयोग से पुलिसिंग अधिक पारदर्शी, तेज और प्रभावी बनेगी तथा आमजन को समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध होंगी।
कार्यक्रम में डीआईजी वीरेंद्र सिंह (होशंगाबाद रेंज), डीआईजी मनोज कुमार सिंह (इंदौर रेंज), पुलिस अधीक्षक सचिन शर्मा (धार), एसडीओपी ब्रजेश कुमार मालवीय (मनावर), एसडीओपी मोनिका सिंह (धामनोद) एवं एसडीओपी सुनील गुप्ता (कुक्षी) विशेष रूप से उपस्थित रहे। अधिकारियों ने मनावर थाना सहित सर्किल की पांच चौकियों के प्रभारियों को आधुनिक टेबलेट वितरित किए।
डीआईजी मनोज कुमार सिंह ने कहा कि CCTNS परियोजना का उद्देश्य पुलिसिंग को पारदर्शी, डिजिटल और समयबद्ध बनाना है। अब एफआईआर दर्ज होने से लेकर विवेचना की संपूर्ण प्रक्रिया ऑनलाइन संचालित होगी तथा प्रकरणों की जानकारी आम नागरिकों को एसएमएस के माध्यम से भी मिलती रहेगी। इससे अपराध नियंत्रण के साथ-साथ विवेचना में भी तेजी आएगी।
अधिकारियों ने बताया कि मनावर सर्किल की पांच चौकियों को टेबलेट मिलने से ग्रामीण क्षेत्रों में शिकायतों का त्वरित पंजीयन संभव होगा। साइबर अपराध, वाहन चोरी, गुमशुदगी एवं अन्य मामलों की जांच पहले की अपेक्षा अधिक तेज और प्रभावी होगी। राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर अपराधियों का रिकॉर्ड तत्काल उपलब्ध होने से अपराधियों पर शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित की जा सकेगी।कार्यक्रम के समापन पर अधिकारियों ने पुलिसकर्मियों से तकनीक का प्रभावी उपयोग कर जनता को बेहतर पुलिस सेवाएं देने का आह्वान किया।
*प्रमुख रूप से रहे उपस्थित*
थाना प्रभारी राजेश यादव (मनावर), कैलाश बारिया (नालछा), संजय रावत (टांडा), प्रदीप खन्ना (गंधवानी), अश्विन चौहान (उमरबन चौकी), प्रशांत पाल (बाकानेर चौकी), सुनील यदुवंशी (सिंघाना चौकी), एसआई मनीष चौधरी, नीरज कोचले सहित विभिन्न थाना एवं चौकी प्रभारी उपस्थित रहे। संचालन विशाल दामके ने किया तथा आभार थाना प्रभारी राजेश यादव ने व्यक्त किया।
नई व्यवस्था से होंगे ये प्रमुख लाभ
FIR से विवेचना तक पूरी प्रक्रिया होगी ऑनलाइन।
केस की प्रगति की जानकारी एसएमएस के माध्यम से मिलेगी।
ग्रामीण क्षेत्रों में शिकायतों का होगा त्वरित पंजीयन।
साइबर अपराध सहित सभी मामलों की जांच में आएगी तेजी।
राज्य एवं देशभर के अपराधियों का रिकॉर्ड तत्काल होगा उपलब्ध।
पुलिसिंग होगी अधिक पारदर्शी, प्रभावी और तकनीक आधारित।