

रिपोर्टर दिलीप कुमरावत MobNo 9179977597

मनावर। जिला धार।। धार रोड स्थित खंडेलवाल मांगलिक भवन परिसर में प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय द्वारा केंद्र के रजत जयंती समारोह के अंतर्गत आयोजित सात दिवसीय श्रीमद् भागवत गीता प्रवचन का दौर जारी है। प्रवचन के चतुर्थ दिवस कटनी से पधारी कथावाचिका ब्रह्माकुमारी भारती दीदी जी ने कल्पवृक्ष के आध्यात्मिक रहस्य को बताते हुए कहा कि वास्तविकता में कल्पवृक्ष संपूर्ण सृष्टि का केंद्र बिंदु है । उन्होंने धर्म ग्रंथो के महत्व को प्रतिपादित करते हुए बताया कि अगर धर्म ग्रंथो को समझना है तो उनकी गहराई में जाना पड़ेगा ।क्योंकि धर्म ग्रंथ इतने साधारण नहीं है। परमात्मा को जानना इतना आसान नहीं है क्योंकि भगवान ने गीता में कहां है कि तुम मुझे जहां ढूंढ रहे हो मैं वहां हु ही नहीं। ईश्वर हम सब की आत्मा में बसे हुए हैं। ईश्वर को ढूंढना हो तो स्वयं की आत्मा में ही ढूंढना होगा। प्रवचन के पश्चात कार्यक्रम के मुख्य अतिथि साहित्यकार विश्वदीप मिश्रा, विशेष अतिथि साहित्यकार स्वप्निल शर्मा, कौशिक पंडित, नगर पालिका पूर्व दरोगा रमेश सोलंकी, उमरबन की कवयित्री रश्मि श्रीमाली,योगेश भाई, गोदावरी बहिन ने श्रीमद् भागवत गीता जी की आरती कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
स्वरागिनी गायन ग्रुप ने दी भजनों की प्रस्तुति

रात्रि कालीन कार्यक्रम में स्वरागिनी गायन ग्रुप द्वारा भजनों की एक से बढ़कर एक प्रस्तुति दी गई। बीके भारती दीदी ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। स्वरागिनी गायन ग्रुप के अध्यक्ष संदीप जाजमे, योगिता उपाध्याय, राजा पाठक, संतोष बागेश्वर, यशस्वी जाजमे, कैलाश मंडलोई, ललिता वर्मा, राकेश पुरोहित, कालूराम कुड़िया, सुमित कुर्मी दमोह, लालू भाई अलीराजपुर, बीके शिल्पा दीदी हरियाणा ने देर रात तक भजनों की प्रस्तुति देकर समां बांध दिया। कवियत्री रश्मि श्रीमाली ने रचना पाठ किया। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की गतिविधियों पर प्रकाश डालते हुए कार्यक्रम का संचालन विश्वदीप मिश्रा ने किया। आभार स्थानीय शाखा प्रमुख ब्रह्माकुमारी सुंदरी दीदी ने माना।