

लापरवाही बरतने पर सील होंगे भवन, होगी कानूनी कार्रवाई
जहानाबाद। अग्नि सुरक्षा को ले जिले में बड़े पैमाने पर लापरवाहियां बरती जा रही है। खासकर बड़े व्यवसायिक प्रतिष्ठानों, निजी अस्पतालों व शैक्षणिक संस्थानों जैसे भीड़-भाड़ वाले सार्वजनिक स्थलों पर आग से आपातकाल में बचाव को लेकर जिस तरह की शिथिलता, लापरवाही व गैर जिम्मेदारी बरती जा रही है, इससे जिला प्रशासन की चिंता को बल मिला है। हाल में मुजफ्फरपुर में हुए भीषण अग्निकांड के बाद जिलाधिकारी अलंकृता पांडेय ने इस दिशा में अग्निशमन विभाग को खतरे के प्रति आगाह करते हुए मामले में लापरवाहों के खिलाफ कार्रवाई का आदेश जारी किया है। जिला प्रशासन के मामले में सख्त रूख देखते हुए जिला अग्निशमन विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है।
इसी कड़ी में जिले में भी फायर सेफ्टी को लेकर एक व्यापक और विशेष अभियान शुरू किया गया है। इस अभियान के तहत जब जिले के विभिन्न अस्पतालों और होटलों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की जांच की गई, तो बड़े पैमाने पर गंभीर खामियां और लापरवाही उजागर हुईं। मानकों की अनदेखी करने वाले ऐसे 22 संस्थानों को फायर विभाग ने नोटिस जारी कर सख्त लहजे में एक सप्ताह के भीतर अग्नि सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने का सख्त निर्देश दिया है। उक्त निर्धारित अवधि में इंतजामों को दुरूस्त नहीं करने वाले संस्थानों को सील कर जरूरी कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी जारी की गई है। खुद अग्निशमन पदाधिकारी टीम के साथ विभिन्न प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर रही हैं, जहां पब्लिक की अच्छी खासी भीड़ जमा होती है।
अग्निशमन पदाधिकारी स्नेही सोनल ने सख्त रुख अपनाते हुए चेतावनी दी है कि दी गई समय सीमा के भीतर यदि नियमों का अनुपालन नहीं किया गया, तो विभाग बेहद कड़े कदम उठाएगा। मानकों को पूरा न करने वाले संस्थानों के खिलाफ न सिर्फ कानूनी कार्रवाई की जाएगी, बल्कि आवश्यकता पड़ने पर उन भवनों को पूरी तरह से सील भी कर दिया जाएगा। उन्होंने साफ किया कि सुरक्षा मानकों को लेकर किसी भी स्तर पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा। अगले चरण में अपार्टमेंट, सिनेमा हॉल, स्कूलों और पेट्रोल पंपों की बारी जिला अग्निशमन पदाधिकारी स्नेही सोनल ने कहा कि अग्नि सुरक्षा केवल कागजी नियमों का पालन भर नहीं है, बल्कि यह सीधे तौर पर आम जनता के जीवन और उनकी गाढ़ी कमाई की संपत्ति की सुरक्षा से जुड़ा एक बेहद संवेदनशील और महत्वपूर्ण विषय है। उन्होंने आगामी योजनाओं की जानकारी देते हुए बताया कि आने वाले दिनों में इस अभियान का दायरा और बढ़ाया जाएगा। इसके तहत जिले के सभी सिनेमा हॉल, बहुमंजिला अपार्टमेंट, पेट्रोल पंप, निजी स्कूलों और अन्य भारी भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थलों का भी कड़ाई से फायर सेफ्टी ऑडिट किया जाएगा। ऑडिट के बाद संबंधित संस्थानों की अग्नि सुरक्षा इंतजामों का मूल्यांकन कर आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करने की तैयारी है।
