
कलेक्टर नीरज कुमार वशिष्ठ के निर्देशन में जल गुणवत्ता पर विशेष जोरः जल गंगा संवर्धन अभियान को मिली गति ग्रामीण क्षेत्रों में जल परीक्षण एवं जागरूकता का विस्तारः लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की प्रभावी पहल
संवाददाता धनंजय जोशी
जिला पांढुरना मध्य प्रदेश
जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, विकासखंड सौसर जिला पांढुर्णा द्वारा विभिन्न ग्राम-खांडसिवनी, बरगाबोडी एवं मेंडेपठार में एफटीके (FTK) के माध्यम से जल परीक्षण का प्रशिक्षण प्रदान किया गया तथा जल नमूनों का संग्रहण किया गया। यह संपूर्ण गतिविधि जिला कलेक्टर श्री नीरज कुमार वशिष्ठ के निर्देशन में, कार्यपालन यंत्री श्री सुधांशु जैन एवं सहायक यंत्री श्री सुभाष गाडगे के मार्गदर्शन में प्रभावी रूप से क्रियान्वित की गई।
कार्यक्रम के अंतर्गत लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा वाटर क्वालिटी मॉनिटरिंग इनफार्मेशन सिस्टम (WQMIS) पोर्टल पर जल परीक्षण की प्रक्रिया संपन्न करते हुए आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का आईडी पंजीयन भी किया गया। इसके साथ ही एफटीके के माध्यम से जल परीक्षण का प्रशिक्षण प्रदान किया गया, जिससे स्थानीय स्तर पर जल गुणवत्ता की नियमित जांच सुनिश्चित हो सके। सभी ग्राम पंचायतों को पूर्व में ही फील्ड टेस्ट किट (FTK) वितरित की जा चुकी है, जिससे अभियान को जमीनी स्तर पर मजबूती मिली है।

विभागीय सहायक यंत्री के मार्गदर्शन में ब्लॉक समन्वयक मीनाक्षी सोमकुंवर, सहायक रसायनज्ञ कितीबाला खातरकर एवं हैंडपंप तकनीशियन दीपक सोनी की सहभागिता से यह कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इसके अतिरिक्त, ग्राम खांडसिवनी, बरगाबोडी एवं मेंडेपठार में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा आंगनवाड़ी केंद्रों एवं शालाओं में पेयजल स्रोतों का परीक्षण किया गया। साथ ही जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत ग्रामीणों को जल शपथ दिलाई गई एवं जल संरक्षण के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया, जिससे ग्रामीणों में जल संरक्षण के प्रति सकारात्मक सोच विकसित हो सके।