

रिपोर्टर दिलीप कुमरावत MobNo 9179977597

मनावर। जिला धार।। ग्राम टवलाई बुजुर्ग से महज 5 किलोमीटर दूर श्री शुक्लेश्वर महादेव तीर्थ क्षेत्र चिड़िया संगम में जन सहयोग से सर्व सुविधा युक्त माँ नर्मदा घाट निर्माण की पहल शुरू हुई। मंगलवार को हुई बैठक में घाट निर्माण के लिए आसपास के क्षेत्र से आए मां नर्मदा भक्तों के द्वारा 9 लाख रुपए घाट निर्माण हेतु देने की घोषणा की गई। इसके बाद दानदाताओं का लगातार दान देने का सिलसिला जारी है 10 लाख के करीब राशि पहुंच गई है। बैठक मे प्रवीण शर्मा वराह नगर बड़दा, समाजसेवी मोहन पाटीदार भवरिया, भगवान पाटीदार कोलगांव, हरिश पाटीदार मनावर के विशेष आतिथ्य में हुई। बैठक में कथा वाचक पं प्रवीण शर्मा ने बताया कि चिड़िया संगम घाट का नर्मदा पुराण में भी उल्लेख है। इस पावन काम के लिए किसी भी तरह की कोई अड़चन नहीं आएगी। धन बारिश की तरह बरसेगा। इस पावन काम को करने वालों की मंशा और दिशा सही होगी तो यह काम निश्चित ही समय सीमा में पूर्ण होगा। यह सनातन धर्म का काम है। इसमें राजनीति नहीं होना चाहिए। सभी राजनीतिक प्रभावशाली व्यक्तियों से बढ़ चढ़कर दान देने की बात कही। धर्म का काम करना बहुत कठिन है इसलिए इस काम को देखने वाले रोलर की तरह हो जैसे रोलर से प्लेन से लेकर कोई सा भी वाहन टकरा जाए तो भी रोलर का कुछ नहीं बिगड़ता। वैसे ही इस काम को देखने वाले लोग रोलर की तरह मजबूत और दृढ़ दृढ़ संकल्पित निस्वार्थ भाव वाले होने चाहिए। कितनी भी आपत्ति विपत्ति रुकावट आए लेकिन काम नहीं रुकना चाहिए।
घाट निर्माण समिति का अध्यक्ष शुक्लेश्वर महादेव ही हो। बैठक के बाद सभी ने घाट का भ्रमण कर घाट बनाने की रूपरेखा बनाई। बैठक में लुन्हेरा बुजुर्ग, गोगावा, महापूरा, कोठड़ा, दाबड़, उमरबन, टवलाई खुर्द, देवलरा, टवलाई बुजुर्ग, झिरवी, मनावर सहित आसपास के सभी गांव के ग्रामीण बैठक में पहुंचे। मंदिर समिति से बताया गया कि समाज सेवी मोहन पाटीदार को जन भागीदारी से नर्मदा घाटी क्षेत्र में कई घाट बनाने का अनुभव है। उनका मार्गदर्शन मिलने से निश्चित ही समय सीमा में काम होगा। वहीं घाट निर्माण के अभियान के लिए गांव गांव संपर्क किया जाएगा। सभी जनप्रतिनिधियों को भी सहयोग करना चाहिए। नौकरी पेशा व्यापारी लोग आगे आकर दान दें। इस पावन काम के लिए एक रुपए देने वाले का भी उतना ही महत्व है जितना एक लाख रुपए देने वाले का है। विश्वास और पारदर्शिता के साथ काम होगा। सभी को दान की रसीद मिलेगी। मार्च के महीने में संतो की मौजूदगी में घाट पर धर्म ध्वज स्थापित होगा। इसी दिन से घाट निर्माण का काम शुरू होगा। समिति सभी क्षेत्र के नर्मदा भक्तों से अपील करती है कि वह अपने गांव, शहर, कस्बे, समाज में चिड़िया संगम घाट के लिए सहयोग देने के काम में योगदान दे।