
प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना (PMIS) के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए निर्देश जारी युवाओं को रोजगारपरक बनाने के लिए इंटर्नशिप अवसर बढ़े, दिसंबर 2026 तक योजना का विस्तार
संवाददाता धनंजय जोशी
जिला पांढुरना मध्य प्रदेश
वित्तीय वर्ष 2024-25 के केंद्रीय बजट में प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना (Prime Minister Internship Scheme PMIS) की घोषणा की गई है। यह कॉर्पोरेट कार्य मंत्रालय, भारत सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना है, जिसका मुख्य उद्देश्य युवाओं को भारत की शीर्ष कंपनियों में इंटर्नशिप के अवसर प्रदान कर उन्हें रोजगारपरक बनाना है। इस कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को विभिन्न क्षेत्रों में वास्तविक जीवन के व्यावसायिक वातावरण से अवगत कराया जाएगा, जिससे उन्हें व्यावहारिक कौशल एवं कार्यानुभव प्राप्त होगा। साथ ही इंटर्नशिप के दौरान उद्योग-उन्मुख प्रशिक्षण, नवीनतम तकनीक एवं प्रक्रियाओं के माध्यम से उन्हें नियमित रोजगार प्राप्त करने योग्य बनाया जाएगा।
इस योजना के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2024-25 में 1.25 लाख इंटर्नशिप अवसर प्रदान करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। पायलट प्रोजेक्ट का क्रियान्वयन दो चरणों (FY 2024-25 एवं 2025-26) में किया गया है तथा इसे दिसंबर 2026 तक विस्तारित करते हुए 1.10 लाख अतिरिक्त इंटर्नशिप अवसर प्रदान करने का लक्ष्य रखा गया है।
योजना के तहत प्रतिभागियों को ₹9,000 प्रति माह का स्टाइपेंड दिया जाएगा तथा इंटर्नशिप अवधि 6 माह या 9 माह निर्धारित की गई है। प्रोत्साहन स्वरूप ₹3,000 जॉइनिंग के समय एवं ₹3,000 तीन माह पूर्ण होने पर प्रदान किए जाएंगे। इंटर्नशिप सफलतापूर्वक पूर्ण करने पर प्रमाण-पत्र भी प्रदान किया जाएगा। इच्छुक अभ्यर्थी PM Internship Scheme Portal (https://pminternship.mca.gov.in) पर ऑनलाइन पंजीयन एवं आवेदन कर सकते हैं। योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए निर्देश दिए गए हैं कि प्रशिक्षणार्थियों को योजना कीजानकारी उपलब्ध कराते हुए अधिकतम पंजीयन सुनिश्चित किया जाए।