विद्युत व्यवस्था की समीक्षा में जिलाधिकारी ने जताई नाराजगी, अधिकारियों को तत्काल सुधार एवं जनशिकायतों के प्राथमिकता से निस्तारण के निर्देश
हमीरपुर। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी श्री अभिषेक गोयल की अध्यक्षता में विद्युत विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद में विद्युत आपूर्ति, लाइन लॉस, विद्युत बुनियादी ढांचे, राजस्व वसूली तथा जनशिकायतों के निस्तारण की विस्तृत समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान अपेक्षित प्रगति एवं पर्याप्त आंकड़ों के अभाव पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से व्यवस्था में सुधार के कड़े निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने जिले के सभी क्षेत्रों में क्षतिग्रस्त विद्युत पोलों को शीघ्र बदलने, झूलते तारों को दुरुस्त कराने तथा विद्युत आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में तत्काल आपूर्ति बहाल करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्युत आपूर्ति से संबंधित समस्याओं के निस्तारण में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

बैठक में तहसील एवं विकासखंडवार विद्युत मांग, उपलब्ध क्षमता एवं आपूर्ति की स्थिति का पर्याप्त विश्लेषण प्रस्तुत न किए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने स्पष्ट किया कि समीक्षा बैठकों में अद्यतन, तथ्यपरक एवं विश्लेषणात्मक आंकड़ों के साथ उपस्थित होना सुनिश्चित किया जाए, ताकि वास्तविक स्थिति के आधार पर प्रभावी निर्णय लिए जा सकें।
राजस्व वसूली की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने बड़े बकायेदारों की सूची तैयार कर टॉप-10 एवं टॉप-20 डिफॉल्टर्स तथा लंबे समय से लंबित बकाया प्रकरणों में प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिशासी अभियंता को राजस्व वसूली में अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित करने तथा संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि विद्युत, जल निगम एवं जल जीवन मिशन से संबंधित जनसमस्याएं बड़ी संख्या में प्राप्त हो रही हैं। अतः संबंधित अधिशासी अभियंता एवं अधिकारी जनशिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें। शिकायतों के निस्तारण में केवल औपचारिकता न बरती जाए, बल्कि समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को दो सप्ताह के भीतर जनपद के सभी सात विकासखंडों में बैठकें आयोजित करने के निर्देश दिए। इन बैठकों में ग्राम प्रधानों एवं जनप्रतिनिधियों के साथ स्थानीय विद्युत समस्याओं पर चर्चा कर प्राथमिकता के आधार पर उनके स्थायी समाधान की कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
जिलाधिकारी ने आईजीआरएस (IGRS) शिकायतों के निस्तारण में जियो-टैगिंग को अनिवार्य करते हुए निर्देश दिए कि संबंधित अधिकारी स्वयं मौके पर जाकर शिकायत की वास्तविक स्थिति का सत्यापन करें। स्थलीय निरीक्षण के उपरांत निस्तारण आख्या के साथ जियो-टैग्ड फोटोग्राफ अनिवार्य रूप से अपलोड किए जाएं, जिससे शिकायतों के निस्तारण में पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित हो सके।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि विद्युत व्यवस्था से संबंधित सभी कार्यों एवं जनशिकायतों के निस्तारण में समयबद्धता, पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित की जाए तथा आमजन को बेहतर विद्युत सेवाएं उपलब्ध कराने में किसी प्रकार की शिथिलता न बरती जाए।

