केसवाही मैं कबाड़ का सिडिकेट, लल्लू उर्फ रियाज का खुला खेल, पुलिस-प्रशासन मौन क्यों? 5 बुढार थाना क्षेत्र के अंतर्गत केसवाही इलाके में इन दिनों एक नाम तेजी से चर्चा में है-लल्लू कबाड़ी उर्फ रियाज। यह नाम आज कबाड़ के धंधे का पर्याय बन चुका है। आलम यह है कि तामा पीतल, लोहा से लेकर गाड़ियों की कटिंग और पार्ट्स की अवैध बिक्री तक, हर काम बेधड़क और खुल्लमखुल्ला किया जा रहा है। गाड़ियों की कटिंग, खुलेआम पार्ट्स की तस्करी :- केसवाही में अब कबाड़ केवल पुरानी वस्तुओं तक सीमित नहीं रहा। रियाज का नेटवर्क स्क्रैप से आगे बढ़कर अब पुरानी गाड़ियों की कटिंग, उनके इंजन, टायर, बॉडी पार्ट्स और इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम को अलग-अलग स्थानों पर बेचने तक पहुंच चुका है। इन गाड़ियों का न तो कोई रजिस्ट्रेशन ट्रैक हो रहा है, न ही इनकी सीमा तय है। कबाड़ी का बेखौफ तांडव : शासन-प्रशासन मौन क्यों?