
शुभम की शहादत की खबर मिलते ही बनवरिया गांव और पूरे जहानाबाद में शोक की लहरदर्दनाक हादसे में शुभम समेत 5 वायुसेना कर्मियों ने देश सेवा के दौरान अपने प्राण न्योछावर जहानाबाद। भारतीय वायुसेना के फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार असम के जोरहाट में एएन-32 विमान दुर्घटना में शहीद हो गए। इस दर्दनाक हादसे में शुभम समेत 5 वायुसेना कर्मियों ने देश सेवा के दौरान अपने प्राण न्योछावर किए हैं। शुभम की शहादत की खबर मिलते ही बनवरिया गांव और पूरे जहानाबाद में शोक की लहर दौड़ गई और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। बताया जाता है कि शनिवार सुबह करीब 9 बजे शुभम ने अपनी मां से वीडियो कॉल पर बात की थी। जल्दबाजी में उन्होंने कहा था, “अभी थोड़ा व्यस्त हूं, बाद में आराम से बात करूंगा” लेकिन यह उनकी आखिरी बातचीत साबित हुई।शुभम के छोटे भाई सत्यम ने बताया कि हादसे की सूचना मिलने के बाद पहले किसी को विश्वास नहीं हुआ। बाद में फोन के जरिए घटना की पुष्टि हुई, जिसके बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। शुभम कुमार की शहादत ने एक परिवार ही नहीं बल्कि पूरे बिहार को भावुक कर दिया है। दुखद घटना पर संवेदना व्यक्त करने वालों का शहीद शुभम के घर पर तांता लगा हुआ है। एक साधारण किसान परिवार से आने वाले शुभम ने अपनी मेहनत और लगन के दम पर वर्ष 2021 में भारतीय वायुसेना में अधिकारी के रूप में स्थान बनाया था। परिवार के अनुसार, उन्होंने देश सेवा को प्राथमिकता देते हुए फिलहाल शादी करने से भी इंकार कर दिया था। परिवार के लोगों का कहना है कि शुभम ने हमेशा देश सेवा को अपनी पहली प्राथमिकता माना। मिलनसार और सरल स्वभाव के शुभम की शहादत पर पूरे जिले को गर्व है। गांव के लोग नम आंखों से अपने वीर सपूत के अंतिम दर्शन का इंतजार कर रहे हैं। गांव के एक बुजुर्ग ने कहा कि शुभम ने पूरे इलाके का नाम रोशन किया और उनका बलिदान हमेशा याद रखा जाएगा। शहीद शुभम को श्रद्धांजलि देश की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले जहानाबाद के वीर सपूत फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार को शत-शत नमन।
