

हमीरपुर से ब्यूरो चीफ राजकुमार की रिपोर्ट
हमीरपुर में आगामी मानसून और संभावित बाढ़ को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी अभिषेक गोयल की अध्यक्षता में बाढ़ स्टीयरिंग ग्रुप की उच्च स्तरीय बैठक आयोजित हुई, जिसमें सभी विभागों को “शून्य जनहानि” लक्ष्य के साथ समन्वित कार्रवाई के निर्देश दिए गए।

बैठक में यमुना और बेतवा नदी के तटबंधों की सुरक्षा, रैन कट और रैट होल की मरम्मत, झाड़ियों की सफाई तथा संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी 30 जून तक पूरी करने के निर्देश दिए गए। डीएम ने नावों की व्यवस्था, पंपिंग सेट की कार्यशीलता, गोताखोरों के प्रशिक्षण और राहत सामग्री के पर्याप्त भंडारण पर विशेष जोर दिया।
जिलाधिकारी ने कहा कि बाढ़ चौकियों वाले विद्यालयों में शौचालय, पेयजल, बिजली और साफ-सफाई की व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित की जाएं। साथ ही एंटी-वेनम दवाओं की उपलब्धता और जलनिकासी व्यवस्था को दुरुस्त रखने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में बताया गया कि 1 जून से 31 अक्टूबर 2026 तक कलेक्ट्रेट परिसर में 24×7 कंट्रोल रूम संचालित रहेगा, जहां से बाढ़ से जुड़ी सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान किया जाएगा। डीएम ने चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।