संवाददाता धनंजय जोशी
जिला पांढुरना मध्य प्रदेश
जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत ग्राम बड़चीचोली में प्राचीन बावड़ी की सफाई कर मनाया गया बावड़ी उत्सव,जल स्रोतों के संरक्षण एवं पुनर्जीवन का दिया संदेश, ग्रामीणों ने ली जनजागरण की शपथ
पांढुर्णा/12 जून 2026/
मध्यप्रदेश शासन के निर्देशानुसार प्रभारी जिला कलेक्टर श्री अग्रिम कुमार तथा जिला समन्वयक श्री अखिलेश जैन एवं विकासखण्ड समन्वयक श्री दिलीप आठनेरे की उपस्थिति में नवांकुर संस्था अवध विद्यापीठ शिक्षण समिति की सहभागिता से जल गंगा संवर्धन अभियान के तृतीय चरण के अंतर्गत ग्राम बड़चीचोली में प्राचीन बावड़ी की सफाई की गई।

बावड़ी की साफ-सफाई के पश्चात वृक्ष पूजन, गौ पूजन तथा जल स्रोत का पूजन कर बावड़ी उत्सव मनाया गया। इस अवसर पर जिला समन्वयक श्री अखिलेश जैन ने कहा कि प्राचीन जल स्रोतों को पुनर्जीवित करने का कार्य हमें प्राथमिकता से करना चाहिए, क्योंकि ये हमारी अमूल्य धरोहर हैं और इन्हें संरक्षित रखना आवश्यक है। उन्होंने उपस्थितजनों को जल संरक्षण के प्रति जागरूक होकर कार्य करने के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य श्रीमती सुनंदाताई डोंगरे ने कहा कि बिना पानी के जीवन संभव नहीं है, इसलिए जल को बचाकर उसका संरक्षण करना हम सभी की जिम्मेदारी है।
इस अवसर पर समाजसेवी श्री जितेंद्र डोंगरे, ग्राम पंचायत सरपंच श्रीमती भारती शेंडे, विकासखण्ड समन्वयक श्री संजय बामने, श्री संजीव भावरकर, श्रीमती भवानी कुमरे, श्री दीपक गेडाम, जिला कार्यालय छिंदवाड़ा से श्री हरीश बेलवंशी, पांढुर्णा विकासखण्ड से परामर्शदाता श्री राजू वरूडकर, श्रीमती वर्षा खुरसंगे, सुश्री कीर्ति घागरे, श्री श्याम दलवी तथा सीएमसीएलडीपी पाठ्यक्रम बीएसडब्ल्यू/एमएसडब्ल्यू के विद्यार्थी मंगेश गजभिए, पारस बालपांडे, नीलम पराड़कर, अखिलेश ढोंडी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के समापन अवसर पर सभी उपस्थितजनों द्वारा जल स्रोतों के संरक्षण एवं जनजागरण की शपथ ली गई।

