


हमीरपुर से ब्यूरो चीफ राजकुमार की रिपोर्ट
हमीरपुर। केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर कृषि विभाग द्वारा संचालित “खेत बचाओ अभियान” के अंतर्गत सोमवार को विकासखंड सुमेरपुर के ग्राम कलौलीजार एवं बांकी में किसान जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सदर विधायक डॉ. मनोज कुमार प्रजापति ने की।कार्यक्रम में किसानों को कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं, प्राकृतिक खेती, फसल विविधीकरण, मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन तथा खरीफ फसलों के वैज्ञानिक उत्पादन संबंधी जानकारी दी गई। विधायक डॉ. मनोज कुमार प्रजापति ने कहा कि प्राकृतिक खेती से उत्पादन लागत कम होती है और भूमि की उर्वरता के साथ पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलता है। उन्होंने किसानों से मृदा परीक्षण कराने, संतुलित उर्वरकों के प्रयोग तथा जल संरक्षण के उपाय अपनाने की अपील की।उप कृषि निदेशक डॉ. प्रमोद कुमार ने खरीफ सीजन की तैयारियों पर प्रकाश डालते हुए किसानों को कम वर्षा की संभावना को देखते हुए कम पानी एवं कम उर्वरक में तैयार होने वाली फसलों को अपनाने की सलाह दी। उन्होंने उड़द, मूंग, अरहर, तिल, मूंगफली, सोयाबीन तथा श्रीअन्न फसलों जैसे बाजरा, सांवा, कोदो और रागी की खेती को लाभकारी बताया। उन्होंने बताया कि इन फसलों के मिनीकिट निःशुल्क तथा प्रमाणित बीज 50 प्रतिशत अनुदान पर उपलब्ध कराए जा रहे हैं।कार्यक्रम में किसानों को कृषि विभाग की ऑनलाइन सेवाओं एवं विभागीय पोर्टल के माध्यम से बीज और अन्य सुविधाओं के लिए आवेदन प्रक्रिया की भी जानकारी दी गई। जिला कृषि रक्षा अधिकारी डॉ. इन्द्रेश कुमार गौतम ने जैविक कीटनाशकों एवं समेकित कीट प्रबंधन की जानकारी दी, जबकि कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. एन.के. यादव ने खेत बचाओ अभियान के उद्देश्यों एवं फसल संरक्षण के उपायों पर विस्तार से प्रकाश डाला।कार्यक्रम में कृषि विभाग, कृषि विज्ञान केंद्र तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। ग्राम कलौलीजार एवं बांकी सहित आसपास के क्षेत्रों से आए 250 से अधिक किसानों ने कार्यक्रम में भाग लेकर कृषि संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं।