
चलती ट्रेन से गिरकर 12 वर्षीय किशोर गंभीर रूप से घायल

कड़ौना हॉल्ट के पास दरवाजे पर खड़े दिनेश का संतुलन बिगड़ गया तो चलती ट्रेन से नीचे गिर पड़ा और गंभीर रूप से घायल हो गया।
जहानाबाद। जिले में मां की मामूली डांट से नाराज होकर घर छोड़ने निकले एक 12 वर्षीय किशोर के साथ बड़ा हादसा हो गया। हैदराबाद जाने के लिए ट्रेन में सवार हुआ बच्चा रास्ते में संतुलन खो बैठा और चलती ट्रेन से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने उसे इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया, जहां से उसे पीएमसीएच रेफर कर दिया गया। घायल किशोर की पहचान 12 वर्षीय दिनेश कुमार के रूप में हुई है, जो पटना जिले के मसौढ़ी अनुमंडल के नदवां गांव का रहने वाला है। उसके पिता दयानंद मिस्त्री मुंबई में मजदूरी करते हैं।
बुधवार को किसी बात को लेकर मां ने उसे डांट दिया, जिससे नाराज होकर उसने घर छोड़ने का फैसला कर लिया। घर से निकलने के बाद दिनेश नदवां रेलवे स्टेशन पहुंचा और हैदराबाद जाने वाली ट्रेन में चढ़ गया। कम उम्र और अनुभव की कमी के कारण वह सुरक्षित तरीके से सीट पर बैठने के बजाय ट्रेन के दरवाजे पर खड़ा होकर सफर करने लगा। ट्रेन जब कड़ौना हॉल्ट के पास पहुंची तो दरवाजे पर खड़े दिनेश का संतुलन बिगड़ गया। वह चलती ट्रेन से नीचे गिर पड़ा और गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे में उसके सिर में गंभीर चोट लगी।
घटना की जानकारी मिलते ही कड़ौना थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिसकर्मियों ने घायल बच्चे को उठाकर तत्काल जहानाबाद सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसका प्राथमिक उपचार किया। डॉक्टरों के अनुसार किशोर के सिर में गंभीर चोट लगी थी। स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए पटना स्थित पीएमसीएच रेफर कर दिया गया। वहीं पुलिस ने घटना की सूचना उसके परिजनों को भी दे दी है। यह घटना एक बार फिर किशोरों में बढ़ती आवेगशीलता और जल्दबाजी की प्रवृत्ति को सामने लाती है। मामूली नाराजगी में घर छोड़ने का फैसला एक बड़े हादसे का कारण बन सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि बच्चों के साथ संवाद और भावनात्मक समझदारी आज पहले से कहीं अधिक जरूरी हो गई है।