
लगभग 135 भूमिहीन परिवारों को सरकारी प्रावधान के अनुसार तीन डिसमिल आवासीय भूमि का पर्चा उपलब्ध कराने की मांग
जहानाबाद। पूर्व विधानसभा अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी ने जहानाबाद के नौगढ़ महादलित टोला का दौरा किया। उन्होंने मखदुमपुर प्रखंड स्थित इस टोले में एक पीड़ित परिवार से मुलाकात की, जिसके माता-पिता की मृत्यु के बाद छह बच्चे अनाथ हो गए हैं। चौधरी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने स्वर्गीय सकलदेव मांझी के परिवार की समस्याओं को समझा। प्रतिनिधिमंडल को बताया गया कि सकलदेव मांझी की लगभग दो वर्ष पूर्व पानी में डूबने से मृत्यु हो गई थी। उनके परिजनों को आपदा प्रबंधन विभाग से कोई मुआवजा नहीं मिला। इसके बाद परिवार की जिम्मेदारी उनकी पत्नी जराधनी देवी पर आ गई थी, जो अपनी चार बेटियों और एक पुत्र का भरण-पोषण कर रही थीं। वहीं 8 जुलाई 2026 को इलाज के अभाव में जराधनी देवी का भी निधन हो गया। उनके निधन के बाद परिवार के बच्चे पूरी तरह बेसहारा हो गए हैं। पीड़ित बच्चों में कुसुम कुमारी मांझी, शोभा कुमारी मांझी, छठी कुमारी मांझी, संजोगा कुमारी मांझी और उपेंद्र मांझी शामिल हैं।
स्थानीय लोगों ने बताया कि इन बच्चों की स्वास्थ्य स्थिति भी चिंताजनक है और वे गंभीर बीमारियों से पीड़ित हैं। उदय नारायण चौधरी ने मांग की कि नौगढ़ महादलित टोला के लगभग 135 भूमिहीन परिवारों को सरकारी प्रावधान के अनुसार तीन डिसमिल आवासीय भूमि का पर्चा उपलब्ध कराया जाए।
उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास निर्माण के लिए सहायता राशि देने की भी मांग की। चौधरी ने स्वर्गीय सकलदेव मांझी के बच्चों को आपदा राहत कोष से चार लाख रुपए का मुआवजा देने तथा पूरे टोले में स्वास्थ्य जांच शिविर लगाकर बेहतर चिकित्सा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की। उन्होंने भरोसा दिलाया कि वे संबंधित उच्च अधिकारियों से बातचीत कर समस्याओं के समाधान का प्रयास करेंगे और आवश्यकता पड़ने पर पीड़ित परिवारों के अधिकारों के लिए आंदोलन भी किया जाएगा।

