A2Z सभी खबर सभी जिले कीUncategorizedअन्य खबरे

परिक्रमा पथ पर सत्संग संवाद से कर रहे धर्म जागरण

कड़ाके की ठंड में अवधूत श्री दादा गुरु जी का क्षेत्र में प्रवेश : ग्रामवासियों ने की भव्य अगवानी




रिपोर्टर दिलीप कुमरावत MobNo 9179977597

दादागुरु की चौथी नर्मदा परिक्रमा

मनावर।जिला धार।। मां नर्मदा सेवा परिक्रमा के तहत अवधूत संतश्री दादा गुरु का 1500 नर्मदा परिक्रमावासियों के काफिले का गत दिनों धार- आलीराजपुर जिले की सीमा स्थित क्षेत्र के ग्राम कवड़ा में आगमन हुआ। यहां से वे शाम को डही पहुंचें। कृषि उपज मंडी परिसर में अवधूत संत दादा गुरुदेव का सत्संग कार्यक्रम आयोजित किया गया। धार ग्रामीण जिले की कुक्षी विधानसभा क्षेत्र के डही के ग्राम कावड़ मे भाजपा धार जिला ग्रामीण जिलाध्यक्ष चंचल पाटीदार ने अवधूत दादागुरु की निर्जला वायु नर्मदा परिक्रमा में सदगुरुदेव भगवान की अखंड निराहार मां नर्मदा सेवा परिक्रमा में पहुंचकर अवधूत श्री दादागुरु जी की आगवानी कर आशीर्वाद प्राप्त किया। ग्राम पिपलाज मैं दादा गुरु का महिलाओं द्वारा भव्य स्वागत सत्कार किया गया इस अवसर पर जनपद पंचायत सीईओ अंकिता अलावा, पंचायत इन्सपेक्टर राधेश्याम खोड़े, सरपंच रघुदेवसिंह, सचिव मुलचन्द्र पीडियार, रोजगार सहायक अरविन्द काग, पुलिस प्रशासन थाना प्रभारी ईश्वर सिंह चौहान उपस्थित रहे। ग्राम गणपुर से करोली के रवाना हुए जहां रात्रि विश्राम होगा। बुधवार सुबह से बाकानेर के लिए यात्रा रवाना होगी

Related Articles

संत दादा गुरु और उनके साथ आए सैकड़ो परिक्रमावासियों के रात्रि विश्राम और भोजन व्यवस्था की गई। पैदल नर्मदा परिक्रमा के तहत संत दादा गुरु चौथी बार क्षेत्र में आगमन हुआ। इसके पूर्व वे 12 जनवरी 2024 को क्षेत्र में आगमन हुआ था। दादा गुरु की नर्मदा परिक्रमा निरंतर चल रही है जो कई वर्षों से जारी है।

पांच वर्ष से निराहार व्रत साधना

बताया जाता है कि करीब पांच वर्ष से मात्र नर्मदा जल पर आश्रित गुरुदेव का निराहार महाव्रत एक रहस्य बनता जा रहा है, जिससे वे विज्ञान के लिए भी कौतूहल का विषय बने हुए हैं। देश-दुनिया के वे एकमात्र ऐसे संत हैं, जिन्होंने प्रकृति, धरा, धेनु, जीवन दायिनी पवित्र नदियों के साथ मां नर्मदा पर ही अपना सब कुछ केंद्रित कर दिया है। दादा गुरु के साथ चल रहे परिक्रमा प्रभारी वेदांश तिवारी ने बताया कि दादा गुरु पिछले पांच वर्ष से अखंड निराहार हैं। इन दौरान उन्होंने नर्मदा जल के अलावा कुछ भी ग्रहण नहीं किया है। दादा गुरु का मानना है कि नर्मदा जल में ब्रह्मांड को ऊर्जा देने की शक्ति है और वे लोगों को इस चमत्कारी जल का महत्व समझाने के लिए यह यात्रा कर रहे हैं। नर्मदा नदी के संरक्षण और शुद्धिकरण के लिए जन-जागरण करने के साथ ही वृक्षारोपण, गोवंश रक्षा और नदी स्वच्छता का वे संकल्प दिला रहे हैं।

धार जिले में नर्मदा परिक्रमा पथ

माँ नर्मदा, धर्म, धरा, धेनु, प्रकृति, पर्यावरण संरक्षण और संवर्धन के लिए पूर्ण समर्पित अवधूत सिद्ध महायोगी श्री दादागुरु चौथी बार नर्मदा परिक्रमा पर है। गत दिनों धार जिले के डही क्षेत्र में मंगल प्रवेश हुआ। कवड़ा हनुमान मंदिर, रात्रि विश्राम डही मंडी परिसर किया। 21 दिसंबर को पड़ियाल शिव मंदिर रात्रि विश्राम भंवरिया माता मंदिर के पश्चात 22 दिसंबर को लिंगवा गायत्री मंदिर, रात्रि विश्राम मलवाड़ा नर्मदा मंदिर, 23 दिसंबर 2025 दोपहर ग्राम पिपलाज, रात्रि विश्राम करौली, 24 दिसंबर दोपहर बाकानेर, रात्रि विश्राम बाकानेर हनुमान मंदिर, 25 दिसंबर को दोपहर उठावट हनुमान मंदिर, रात्रि विश्राम काली बावड़ी, 26 दिसंबर 2025 दोपहर मांडू घाट के नीचे हनुमान मंदिर, रात्रि विश्राम मांडव राम मंदिर, दिनांक 27 दिसंबर 2025 दोपहर भगवान्या, रात्रि विश्राम धामनोद में होगा।

Show More
Back to top button