Deepak Sharma correspondence
चंद्रशेखर आजाद नगर:- थाना आजादनगर क्षेत्रान्तर्गत 20 सितंबर 2026को ग्राम अमनकुआं, खोडअम्बा स्थित शिवमंदिर के समीप चेनसिंह के खेत की मेड़ पर एक अज्ञात युवक का शव पड़े होने की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना के आधार पर थाना चन्द्रशेखर आजाद नगर पर मर्ग पंजीबद्ध कर जांच की गई की गई।
मर्ग जाँच के दौरान शव की पहचान मनीष पिता राजू डामोर, उम्र 21 वर्ष, निवासी ग्राम अमनकुआं कनेशनगलिया फलिया के रूप में हुई। मृतक के परिजनों एवं स्थानीय साक्षियों के कथन दर्ज किए गए।
जाँच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि मृतक मनीष एवं अस्मीता के मध्य प्रेम संबंध थे। अस्मीता की सगाई उसकी इच्छा से अन्यत्र निर्धारित किए जाने के बावजूद मृतक का अस्मीता से मिलना-जुलना निरंतर जारी रहा, जिससे अस्मीता के परिवारजन अत्यधिक नाराज थे।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चिकित्सक द्वारा मृतक की मृत्यु गला घोंटने से होना तथा शरीर पर चोट के निशान होना स्पष्ट रूप से अंकित किया गया। उपरोक्त तथ्यों एवं साक्ष्यों के आधार पर थाना चन्द्रशेखर आजाद नगर पर हत्या का अपराध क्रमांक 400/2026 धारा 103(1) भा.न्या.सं.
का प्रकरण पंजीबद्ध कर अनुसंधान किया गया। प्रकरण के आरोपियों की अनुसंधान/गिरफतारी हेतु अनुविभागीय अधिकारी पुलिस जोबट आशुतोष पटेल के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी निरीक्षक शिवराम तरोले के नेतृत्व में टीम गठित की गई।
अनुसंधान के दौरान मृतक के सीने पर अस्मीता नाम गुदा हुआ पाया जानें से उक्त नाम की तलाश करने पर अस्मीता मृतक के ही मोहल्ले की निवासी होना ज्ञात हुई। अस्मीता से पूछताछ के दौरान यह खुलासा हुआ कि घटना वाली रात्रि को मृतक अस्मीता से मिलने उसके घर गया था।
जबकि अस्मीता ने मृतक को उसकी सगाई होंने के कारण मिलनें से मना कर दिया था, ताकि उसकी सगाई न टूट जाये, उसके बाद भी अस्मीता के घर आया था, अस्मीता के परिजनों को इस बात का पता चलते ही अस्मीता के परिजनों ने मिलकर मृतक के साथ मारपीट की तथा अस्मीता के भाई ने अपने हाथों से मृतक का गला घोंट कर हत्या कर दी। तत्पश्चात् अस्मीता एवं उसके भाई ने मिलकर शव को ग्राम के चेनसिंह के खेत की मेड़ पर फेंक दिया।
उक्त तथ्यों की पुष्टि होने पर आरोपी अस्मीता, उसकी माँ एवं भाई को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहाँ से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है। आरोपियों की सफलतापूर्वक धरपकड़ में थाना प्रभारी निरीक्षक शिवराम तरोले, सउनि दिनेश नरगावे, सउनि भूपेन्द्र नायक, प्रआर मडीया परमार, आर विजय लोहारे, आर भारत तथा मआर रूचिता का महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
